एजुकेशन समाचार»

 यूपी बोर्ड पर फटकार का भी कोई असर नहीं दिखा। हाई कोर्ट लखनऊ

यूपी बोर्ड पर फटकार का भी कोई असर नहीं दिखा। हाई कोर्ट लखनऊ


हाई कोर्ट की लखनऊ बेंच ने यूपी बोर्ड को फटकार लगाते हुए 15 साल पुरानी साख वापस लाने के निर्देश दिए हैं।  जबकि विभाग की ओर से लापरवाही का आलम अपने चरम पर है । शिक्षा विभाग की ओर से केंद्रों की शिफ्टिंग सूची वेबसाइट पर जारी कर आपत्ति मांगी जाती है ।

 

इस बार विभाग ने बिना वेबसाइट पर डाले ही केंद्रों का निर्धारण कर दिया । ऐसे में स्कूलों को आपत्ति करने का मौका ही नहीं दिया गया । स्कूलों को आरोप है कि फर्जीवाड़े को छुपाने के लिए ऐसा किया गया ।





वहीं।  फाइनल सूची में कई ऐसे स्कूलों को केंद्र बना दिया गया है।  जिनकी छवि पहले से खराब है। माल के कुंवर आसिफ अली स्कूल ने पिछली बार धारण क्षमता से अधिक एडमिशन लिया था । इसके बाद ऐन मौके पर विभाग ने स्कूल की बिल्डिंग का अधिग्रहण कर परीक्षा कराई थी ।

 

चंद्रशेखर आजाद इंटर कॉलेज पर भी यही आरोप था कि पिछली बार इसे केंद्र की सूची से हटा गया था तो कोर्ट के आदेश पर इसे केंद्र बनाया गया था । उस समय काफी विवाद हुआ था । इस बार फिर से इन्हें केंद्र बनाया गया है । हनुमान प्रसाद रस्तोगी इंटर कॉलेज और नवयुग इंटर कॉलेज में प्रबंध समिति का विवाद चल रहा है। फिर भी इनकी जगह दूसरा केंद्र नहीं बनाया गया है ।




इतनी लापरवाही और फर्जीवाड़े के बाद जिले के डीआईओएस उमेश त्रिपाठी का कहना है कि हमारे स्कूलों में नकल नहीं होती है। नकल रोकने की तैयारियों पर उनका कहना है कि सभी स्कूल साफ छवि वाले हैं ऐसे में यहां ज्यादा दिक्कत नहीं है ।

loading...